गंगापार, अगस्त 4 -- बरसात का मौसम कच्चे घरों में रह रहे तमाम गरीबों के लिए किसी मुसीबत से कम नहीं। बरसात से मांडा क्षेत्र के विभिन्न गांवों में तमाम गरीबों के आशियाने धराशायी हो रहे हैं, लेकिन प्रशासन या शासन द्वारा अभी तक किसी भी तरह की सहायता तो दूर, नुकसान का आकलन भी शुरू नहीं किया गया है। मांडा क्षेत्र के बदौआ गांव में जड़ावती देवी का कच्चा मकान धराशायी हो गया। कुछ दिन पहले इनकी बहू सुनीता की बीमारी से मौत हो गयी थी। मकान भी गिर जाने से परिवार पर दोहरी विपत्ति आ गयी। इसी तरह भरथीपुर गांव में लल्लू सोनकर का मकान भी बरसात के चलते धराशायी हो गया। उमापुर गांव में राहुल निषाद का भी मकान बरसात से धराशायी हो गया। भरथीपुर में नाले की सफाई न होने से प्रदीप सोनकर के किराने की दुकान में बरसाती पानी भर जाने से लाखों का सामान बरसाती पानी से डूबकर ...
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