नई दिल्ली, अक्टूबर 8 -- तेलंगाना हाईकोर्ट ने बुधवार को स्थानीय निकायों में पिछड़े वर्गों को 42 प्रतिशत आरक्षण देने वाले राज्य सरकार के आदेश को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई 9 अक्तूबर तक स्थगित कर दी। मुख्य न्यायाधीश ए.के. सिंह और जी.एम. मोहिउद्दीन की खंडपीठ ने याचिकाकर्ताओं के वकीलों और राज्य सरकार की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी की दलीलें सुनीं। अदालत ने मामले की सुनवाई के लिए सभी याचिकाओं को एकसाथ जोड़ दिया। याचिकाकर्ताओं के वकीलों ने तर्क दिया कि आरक्षण की मात्रा बढ़ाने वाला सरकारी आदेश (जीओ) आरक्षण की 50 प्रतिशत की ऊपरी सीमा का उल्लंघन करता है। हाईकोर्ट ने कहा कि वह गुरुवार दोपहर को सुनवाई फिर से शुरू करेगा।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.