रांची, फरवरी 20 -- तमाड़, प्रतिनिधि। प्रखंड कार्यालय में इन दिनों विभिन्न प्रमाण पत्र बनवाने के लिए छात्रों की भीड़ उमड़ रही है। विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, छात्रवृत्ति और स्कूल-कॉलेजों में नामांकन के लिए छात्रों को आय, जाति और स्थानीय निवास प्रमाण पत्र की आवश्यकता पड़ रही है। प्रमाण पत्र बनवाने की इस प्रक्रिया में आय प्रमाण पत्र के लिए न्यायालय के शपथ पत्र (एफिडेविट) की अनिवार्यता छात्रों के लिए मुसीबत बन गई है। छात्रों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि शपथ पत्र बनवाने में उनका अतिरिक्त पैसा खर्च हो रहा है और समय की भी काफी बर्बादी हो रही है। इस गंभीर समस्या को लेकर आजसू पार्टी के केंद्रीय सदस्य सह झारखंड आंदोलनकारी हीरालाल दास ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि शपथ पत्र के कारण छात्रों को हो रहे आर्थिक नुकसान, समय की बर्बादी और ...