अंबेडकर नगर, सितम्बर 9 -- अम्बेडकरनगर, संवाददाता। स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को रोजगार प्राप्त होते हैं। अधिकतर समूह योजनाओं पर निर्भर है। ऐसे में खास आय न होने से महिलाओं का समूह से मोह भंग हो रहा है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में कुल 12481 स्वयं सहायता समूह हैं। इसमे करीब एक हजार स्वयं सहायता समूह निष्क्रिय हो गए हैं। इन समूहों में सवा लाख से अधिक महिलाएं जुड़ी हैं। समूहों के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए जाते हैं। इस मिशन में समूह की महिलाएं बचत येाजना, उत्पादन का कार्य, पैकिंग, डेयरी, पशुपालन व अन्य सेवा क्षेत्र में कार्य कर रही हैं। वहीं विभागों में बैंक सखी, उद्यम सखी, कृषि सखी के रूप में भी कार्य कर रही हैं। समूहों से महिलाओं को खास आमदनी नहीं होने से उनका समूह से मोहभंग होता जा रहा...
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