रांची, सितम्बर 15 -- रांची, वरीय संवाददाता। कुरमी-महतो को आदिवासी सूची में शामिल करने की मांग के विरोध में 20 सितंबर को राजभवन के समीप धरना होगा। यह जानकारी सोमवार को केंद्रीय धुमकुड़िया करम टोली में समस्त आदिवासी संगठनों की प्रेसवार्ता में दी गई। लक्ष्मीनारायण मुंडा ने केहा कि कुरमी नेता फर्जी इतिहास, संस्कृति-सभ्यता बनाकर अपने समाज को ही गुमराह कर रहे हैं। कुंदरसी मुंडा ने कहा कि कुर्मियों की मांग कहीं से भी जायज नहीं है। फूलचंद तिर्की ने कहा कि कुर्मियों द्वारा अगर रेल टेका किया गया तो हम आदिवासी समाज राजभवन टेका करेंगे। निरंजना हेरेंज ने कहा कि यदि केंद्र सरकार सह भाजपा कुर्मियों के रेल टेका का समर्थन करते हुए उनके ऊपर किसी भी तरह की कार्रवाई नहीं करती है तो आदिवासी समाज भी सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन करेगा। निशा भगत व डब्लू मुंडा ने कह...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.