रुडकी, दिसम्बर 18 -- रुड़की, संवाददाता। भगवान देवात्मा के 175वें जन्मोत्सव के मौके पर हरमिलाप धर्मशाला साकेत में चल रहे चार दिवसीय आत्मबल विकास महाशिविर के दूसरे दिन गुरुवार को जीवन की सुंदरता पर विचार रखे गए। आईआईटी की ज्वाइंट रजिस्ट्रार डॉ. शीबा रमोला ने दीप जलाकर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस दौरान वक्ताओं ने जीवन की सुंदरता पर प्रकाश डाला। प्रो. नवनीत अरोड़ा ने बताया कि शिविर में मनुष्य के आत्मिक विकास, आध्यात्मिक ऊर्जा के संग्रहण एवं संबंधों में मधुरता के लिए विभिन्न पहलुओं पर चर्चा होगी। उन्होंने साधकों से शिविर में ग्रहण की गई शिक्षा का समाज में प्रचार-प्रसार कर लोगों को उच्च जीवन बनाने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया। असम, राजस्थान, मध्यप्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, चंडीगढ़ से आए साधकों ने इसमें भागीदारी की। कार्यक्रम का संचालन रेणु वा...