रामपुर। विधि संवाददाता, नवम्बर 20 -- समाजवादी पार्टी के महासचिव आजम खां का आधी रात जेल से शिफ्टिंग का डर खत्म हो गया है। पुलिस प्रशासन या सरकार अब अचानक उनकी जेल शिफ्ट नहीं कर सकेगी। आजम खां की अर्जी पर कोर्ट ने स्पष्ट कहा है कि आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को दूसरी जेल में शिफ्ट करने से पहले कोर्ट की अनुमति ली जाए। पिछली बार आधी रात उन्हें और अब्दुल्ला को अचानक बैरक से उठाया गया और जेल शिफ्ट कर दिया गया था। इस वाक्ये को आजम खां ने मीडिया में बयां करते हुए इसे सबसे दुखद और सहमा देने वाली घटना बताई थी। यही वजह है कि इस बार उन्होंने पहले से ही कानूनी रास्ता अख्तियार कर लिया है। मालूम हो कि पूर्व में आजम खां और अब्दुल्ला आजम को रातोंरात रामपुर जेल से शिफ्ट किया गया था। अब्दुल्ला आजम को हरदोई तो आजम खां को सीतापुर जेल भेजा गया था। इस शि...