लखनऊ, फरवरी 18 -- कांग्रेस के अल्पसंख्यक विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष इमरान प्रतापगढ़ी द्वारा यूपी कांग्रेस के अल्पसंख्यक विभाग को भंग करने के फैसले के राजनीतिक निहितार्थ निकाले जा रहे हैं। यूपी कांग्रेस में भी अभी लोग इस बात का आकलन ही कर रहे हैं कि आखिर यह फैसला क्यों लेना पड़ा? यह क्या बड़े सांगठनिक बदलावों की तरफ इशारा है या बदलावों के बीच अपने-अपने पाले को मजबूत रखने की एक और कोशिश। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय पहले ही प्रदेश कांग्रेस की सभी कमेटियां भंग कर चुके हैं। नई कार्यकारिणी, जिला और शहर इकाइयों पर तैनाती की कवायद चल रही है। यूपी कांग्रेस के अल्पसंख्यक विभाग के चेयरमैन रहे शाहनवाज आलम को प्रमोट कर बिहार कांग्रेस का प्रभारी बना दिया गया है। इसके बाद से ही अल्पसंख्यक कांग्रेस में नए अध्यक्ष की तलाश चल रही थी। इस बीच एकाएक इस पद प...
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