अयोध्या, नवम्बर 15 -- अयोध्या संवाददाता। नगर कोतवाली क्षेत्र में नजूल और नगर निगम कर्मियों की मिलीभगत से फर्जीवाड़ा कर एक मकान को अपने पिता के नाम नाम करा दिए जाने का मामला सामने आया है। नौकरी के सिलसिले में तीन दशक से पुणे में रहने वाले असली वारिस ने अदालत के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने तहकीकात शुरू कर दी है। कोतवाली क्षेत्र के अशफाकउल्ला वार्ड स्थित दिल्ली दरवाजा निवासी बुजुर्ग राजेंद्र कुमार मिश्रा पुत्र स्व.रामस्वरूप का कहना है कि वह तीन दशक से नौकरी के कारण पुणे के गोवा में रह रहे हैं। पिता तथा चाचा सरजू प्रसाद मिश्र सीओडी में नौकरी के कारण कानपुर में रहने लगे थे और दिल्ली दरवाजा स्थित मकान को देखरेख के लिए बड़े भाई श्रीराम मिश्रा को दिया था। उनका आरोप है कि कोविड काल में बड़े भाई की मौत के बाद अपनी संपत्ति की...