कानपुर, फरवरी 20 -- फार्मास्युटिकल (औषधि) क्षेत्र को आत्मनिर्भर बनाने और शोध कार्यों को बाजार की जरूरतों के अनुरूप करने को लेकर आईआईटी कानपुर के स्टार्टअप इंक्यूबेशन एंड इनोवेशन सेंटर (एसआईआईसी) की ओर से 'अमृतव' कोहोर्ट-2 का शुक्रवार को शुभारंभ हुआ। इस पहल के तहत औषधि अनुसंधान में पांच विजेता चुने गए। जिन्हें उनके नवाचार को व्यापार में बदलने के लिए अनुदान सहायता भी प्रदान की है। अमृतव कोहोर्ट का संचालन जर्मनी की मशहूर दवा कंपनी बोहिंगर इंग्लेहिम की मदद से किया जा रहा है। एसआईआईसी के प्रोफेसर इंचार्ज प्रो. दीपू फिलिप ने बताया कि कोहोर्ट का संचालन आईआईटी और नाइपरा रायबरेली मिलकर कर रहे हैँ। शास्त्री भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान औषधि विभाग के सचिव मनोज जोशी ने विजेताओं की घोषणा की। उन्होंने कोहोर्ट-2 के तहत पांच शोधकर्ताओं को वित्तीय सह...