प्रयागराज, फरवरी 7 -- रेलवे ने ट्रेनों की परिचालन सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब लोको पायलटों को दूर से ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आगे का सिग्नल लाल है या हरा। इसके लिए रेलवे बोर्ड ने देशभर में पुराने 'टू-आस्पेक्ट' (दो लाइटों वाले) सिग्नल सिस्टम को हटाकर आधुनिक 'थ्री-आस्पेक्ट' (तीन लाइटों वाले) सिग्नल लगाने का निर्देश जारी किया है। इसका उद्देश्य पूरे देश में एक समान सिग्नलिंग व्यवस्था लागू करना है। रेलवे बोर्ड की डिप्टी डायरेक्टर (ट्रैफिक ट्रांसपोर्टेशन) श्वेता शर्मा ने सभी जोनल रेलवे को भेजे पत्र में कहा है कि मौजूदा व्यवस्था में कई स्थानों पर स्टाप और डिस्टेंट सिग्नल आपस में मिलकर व्यवहारिक रूप से चार संकेतों वाला रूप ले लेते हैं, जबकि पीछे का सिग्नल दो लाइटों वाला ही रहता है। इससे लोको पायलटों को समय पर और स्पष्ट ...