लखीमपुरखीरी, सितम्बर 1 -- लगातार हो रही झमाझम बरसात ने जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। पूरे दिन हुई बारिश से सड़कों पर सन्नाटा पसर गया और व्यापार पर भी भारी असर पड़ा। बारिश का सबसे ज्यादा खामियाजा किसानों को उठाना पड़ रहा है। खेतों में पानी भरने से गन्ना, धान और दलहन जैसी फसलें प्रभावित होने लगी हैं। किसान अब इस चिंता में हैं कि यदि पानी जल्द नहीं निकला तो पैदावार में भारी नुकसान हो सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि गन्ने की फसल में अधिक समय तक पानी भरने से जड़ गलने का खतरा रहता है। वहीं धान की पौध भी सड़ने लगती है। अरहर और उड़द जैसी दलहनी फसलें तो अधिक पानी सहन ही नहीं कर पातीं और पूरी तरह नष्ट हो जाती हैं। खेतों में लगातार बढ़ते जलभराव से मिट्टी की उर्वरता पर भी बुरा असर पड़ रहा है। किसानों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि नालियों...
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