नई दिल्ली, जुलाई 13 -- भारत में मेडिकल शिक्षा को पारदर्शी और छात्र हितैषी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने देश के सभी सरकारी, निजी और डीम्ड विश्वविद्यालयों को आदेश दिया है कि वे अपने संस्थानों की कोर्सवार फीस और इंटर्न, जूनियर रेजिडेंट (JR) और सीनियर रेजिडेंट (SR) को दिए जाने वाले स्टाइपेंड की पूरी जानकारी अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर सार्वजनिक करें।सुप्रीम कोर्ट ने जताई थी चिंता यह निर्देश ऐसे समय में आया है जब सुप्रीम कोर्ट ने दो अलग अलग फैसलों में मेडिकल कॉलेजों द्वारा फीस छिपाने और इंटर्नशिप में स्टाइपेंड न देने को लेकर चिंता जाहिर की थी। NMC ने साफ किया है कि सभी संस्थानों को नोटिस जारी होने की तारीख से 7 दिनों के भीतर अपनी फीस और स्टाइपेंड की जानकारी गूगल फॉर्म के जरिए जमा करनी होगी, ताकि सभी छात्रों औ...
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