फतेहपुर, दिसम्बर 12 -- खागा। एक दिसंबर से जारी बिजली बिल राहत योजना के अन्तर्गत उपभोक्ताओं के बिल बिना एसआईआर रिपोर्ट(साइट इंस्पेक्शन रिपोर्ट) के बिना संशोधित नहीं होंगे। नई व्यवस्था लागू होने से उपभोक्ताओं में असमंजस की स्थिति है। उनका कहना है कि पहले तत्काल बिल संशोधित होकर जमा कर दिया जाता था लेकिन अब डिस्काम स्तर से बिल संशोधित होने में अधिक समय लगने की संभावना है। ओटीएस के अन्तर्गत बिजली विभाग ने घरेलू या कामर्शियल बिल के बकाए में छूट देने की योजना तो बनाई है लेकिन इस बार बिल संशोधन प्रक्रिया में अधिक समय लगने की संभावना है। यदि उपभोक्ता अपने बिजली बिल में संशोधन के लिए प्रार्थना पत्र देगा तो उसे एसआईआर फार्म भरना होगा। स्थानीय स्तर पर जेई, एसडीओ व एक्सईएन जैसे अधिकारियों की संस्तुति एवं परीक्षण के बाद फार्म को डिस्काम यानी डिस्ट्रिब...