संभल, सितम्बर 7 -- संभल बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने शनिवार को राजस्व परिषद उत्तर प्रदेश को पत्र भेजा। जिसमें उन्होंने कहा कि संभल तहसील के राजस्व न्यायालयों के पीठासीन अधिकारीगण की कार्यशैली राजस्व संहिता 2006 एवं प्रदेश सरकार की जीरो टॉलरेंस की नीति के विपरित है। तहसील में तैनात एसडीएम, न्यायिक एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार के न्यायालयों में कई कई माह तक नये दायरे दर्ज नहीं होते। गैर विवादित वाद पत्रावलियों में कई कई माह तक आदेश पारित नहीं किए जाते तथा विवादित वाद पत्रावलियों में दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद भी कई कई माह तक आदेश पारित नहीं किये जाते हैं। उन्होंने कहाा कि पीठासीन अधिकारीगण का व्यवहार एवं कार्यशैली अधिवक्तागणों के प्रति उचित नहीं है। जिससे अधिवक्ताओं में रोष व्याप्त हैं। इससे पहले भी कई बार पत्र भेजे गए हैं, लेकि...
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