नई दिल्ली, फरवरी 18 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। दिल्ली उच्च न्यायालय ने बुधवार को डिजिटल व्यक्तिगत डाटा सुरक्षा अधिनियम, 2023 के कुछ नियमों को चुनौती देने वाली एक याचिका पर केन्द्र से जवाब मांगा है। इन नियमों में कार्यकारिणी पर निगरानी व बहुत ज्यादा नियंत्रण के साथ-साथ न्यायिक स्वतंत्रता को कमजोर करने का आरोप है। मुख्य न्यायाधीश देवेन्द्र कुमार उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस करिया की पीठ ने चंद्रेश जैन की याचिका पर केन्द्र सरकार को नोटिस जारी किया है। इस मामले की अगली सुनवाई अप्रैल महीने में होगी। याचिका में कहा गया है कि ये नियम मानवाधिकार न्यायशास्त्र, संविधान से मिली आजादी व लोकतांत्रिक वादे को चोट पहुंचाने वाला है। याचिका में यह भी दावा किया गया है कि अधिनियम अधिकार सुरक्षात्मक गोपनीयता ढांचा बनाने में नाकाम रहा है। याचिका में मांग ...