लखनऊ , दिसंबर 10 -- उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा है कि लखनऊ आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं को प्रमुख धार्मिक तथा ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण कराने के लिए 1090 चौराहे से इलेक्ट्रिक डबल डेकर बस का संचालन प्रारंभ किया जाएगा। बस में प्रशिक्षित गाइड उपलब्ध होंगे, जो दर्शनीय स्थलों से जुड़ी पृष्ठभूमि, धार्मिक मान्यताओं और सांस्कृतिक विरासत की जानकारी उपलब्ध कराएंगे। इस बस सेवा का शुभारंभ भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी के जन्मदिवस 25 दिसंबर को प्रस्तावित है। बस के मार्ग एवं किराये पर विचार-विमर्श के बाद जल्द निर्णय लिया जाएगा।

बुधवार को पर्यटन भवन, गोमतीनगर स्थित सभागार में विभागीय कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री ने विभाग की सभी निर्माणाधीन परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में हर हाल में पूरा करने के सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अवशेष कार्यों को 31 दिसंबर, 2025 तथा फरवरी, 2026 तक पूरा किया जाए। कार्यों में वित्तीय अनुशासन, समयबद्धता और गुणवत्ता के पालन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

जयवीर सिंह ने निर्देश दिया कि जहां भी पर्यटन एवं संस्कृति विभाग की परियोजनाएं संचालित हैं, वहाँ परियोजना का नाम, लागत, पूर्ण होने की तिथि तथा अधिकारियों और कार्यदायी संस्था का मोबाइल नंबर अंकित करते हुए सूचना बोर्ड लगाना अनिवार्य होगा। इससे आम जनता को परियोजना की पृष्ठभूमि और महत्व की जानकारी सहज रूप से मिल सकेगी। उन्होंने दोहराया कि निर्माण सामग्री व कार्य की गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर ठेकेदारों और कार्यदायी संस्थाओं पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

समीक्षा के दौरान मंत्री ने हरदोई, एटा, अलीगढ़, पीलीभीत, फिरोजाबाद, मैनपुरी एवं अमरोहा में निर्माणाधीन रामलीला स्थलों की चारदीवारी को 31 दिसंबर तक पूर्ण कराने के निर्देश दिए। बड़े रामलीला मैदानों पर आगंतुकों के लिए टॉयलेट कॉम्प्लेक्स की व्यवस्था किए जाने पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में बनने वाली रामलीला चारदीवारियों में एकरूपता और सनातन परंपरा की झलक दिखनी चाहिए, जिसे मानक के रूप में लागू किया जाएगा।

चित्रकूट में रामलीला स्थल एवं रामायण मेला परिसर के शुद्धिकरण कार्य में विलंब पर असंतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्परता बढ़ाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही कन्नौज में रोमा समुदाय को समर्पित स्मारक एवं मुक्ताकाशी मंच, बदायूँ में ऑडिटोरियम, चित्रकूट में महर्षि वाल्मीकि सांस्कृतिक केंद्र तथा लखनऊ में डॉ. भीमराव अंबेडकर सांस्कृतिक केंद्र के संग्रहालय के आंतरिक कार्यों को तेज करने को कहा, ताकि इन्हें शीघ्र लोकार्पित किया जा सके।

समीक्षा के दौरान संस्कृति निदेशालय तथा संग्रहालय निदेशालय की परियोजनाओं की अद्यतन प्रगति पर भी विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में प्रमुख सचिव पर्यटन एवं संस्कृति अमृत अभिजात, महानिदेशक पर्यटन राजेश कुमार, एमडी पर्यटन निगम आशीष कुमार सहित विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित