कोलंबो , मार्च 21 -- फ्रेंचाइजी लीग में खेलने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) प्राप्त करने के लिए श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) ने खिलाड़ियों से फ़िटनेस टेस्ट पास करने कहा है। आईपीएल 2026 से पहले श्रीलंका क्रिकेट ने यह फ़ैसला लिया है क्योंकि वानिंदु हसरंगा (लखनऊ सुपरजायंट्स), नुवान तुषारा (रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु), मतीशा पथिराना (कोलकाता नाइटराइडर्स) और इशान मलिंगा (सनराइज़र्स हैदराबाद) भारत आने वाले हैं।

दुष्मंता चमीरा और पथुम निसंका (दोनों दिल्ली कैपिटल्स) एवं कामिंडु मेंडिस (सनराइज़र्स) ने अपना "फ़िजिकल परफ़ॉरमेंस टेस्ट" पास कर लिया है और आईपीएल में उन्हें खेलने की अनुमति मिल गई है।

बोर्ड की रिलीज़ में कहा गया," नुवान तुषारा को उनके फ़िटनेस टेस्ट के आधार पर ही एनओसी दिया जाएगा। वानिंदु हसरंगा, इशान मलिंगा और मतीशा पतिराना ने भी आईपीएल 2026 में खेलने के लिए एनओसी की मांग की है लेकिन उनका फ़िटनेस टेस्ट होना बाक़ी है और चोटिल होकर बाहर होने के बाद अभी उनका रिहैब चल रहा है।"यह तीनों खिलाड़ी टी20 विश्व कप से पहले या उसके दौरान चोटिल होकर मैदान से बाहर हुए थे। पथिराना आईपीएल 2026 की शुरुआत में उपलब्ध नहीं होंगे और मध्य-अप्रैल के बाद ही उनके उपलब्ध होने की संभावना है।

प्रमोदया विक्रमसिंघे की अगुवाई वाली नई राष्ट्रीय चयन समिति और साथ में श्रीलंका के खेल मंत्रालय ने फ़िटनेस को ध्यान में रखते हुए यह फ़ैसला लेने पर ज़ोर दिया है। श्रीलंका को मई के अंत तक अभी अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट नहीं खेलना है और इस दौरान राष्ट्रीय कॉन्ट्रैक्ट में शामिल खिलाड़ियों को अपना फ़िटनेस मापदंड बढ़ाने का मौक़ा मिलेगा। फ़िजिकल परफ़ॉरमेंस टेस्ट में कई अलग-अलग टेस्ट होते हैं जिसमें 2 किमी का स्प्रिंट भी शामिल है।

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