हरिद्वार, फ़रवरी 06 -- उत्तराखंड में हरिद्वार के सप्तऋषि क्षेत्र स्थित भारत माता मंदिर परिसर में स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि की समाधि मंदिर एवं मूर्ति स्थापना का तीन दिवसीय भव्य समारोह शुक्रवार को संपन्न हुआ। इस अवसर पर समाधि मंदिर और प्रतिमा का विधिवत अनावरण किया गया।
इस भव्य आयोजन में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक, जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरि सहित देशभर के अनेक संत-महात्मा, सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य अतिथि शामिल हुए। सभी ने समाधि स्थल पर श्रद्धासुमन अर्पित कर गुरुदेव को श्रद्धांजलि दी।
तीन दिवसीय कार्यक्रम में राष्ट्र चेतना, सनातन संस्कृति, गुरु-शिष्य परंपरा और मानव सेवा पर विचार-विमर्श हुआ।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि हरिद्वार केवल एक तीर्थस्थल नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का केंद्र है। उन्होंने कहा कि स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि की साधना, विचार और जीवन दर्शन आज भी समाज को मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने युवाओं से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने और देश की अखंडता, संप्रभुता और गौरव की रक्षा के लिए सामूहिक संकल्प लेने का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि गुरुदेव ने आध्यात्मिक साधना को समाज सेवा से जोड़कर एक विशिष्ट जीवन दर्शन प्रस्तुत किया। भारत माता मंदिर राष्ट्र प्रेम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि को सनातन परंपरा का सशक्त ध्वजवाहक बताया और कहा कि भारत माता मंदिर जाति, क्षेत्र और भाषा की सीमाओं से ऊपर उठकर राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है।
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