नयी दिल्ली , नवंबर 18 -- कांग्रेस ने कहा है कि चुनाव आयोग मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) ऐसे समय पर कर रहा है जब लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति जनता का विश्वास डगमगया हुआ है इसलिए आयोग को अपने आचरण से साबित करना पड़ेगा कि वह सत्ताधारी दल के इशारे पर काम नहीं कर रहा है।

कांग्रेस ने श्री खरगे तथा विपक्ष के नेता राहुल गांधीजी की मौजूदगी में मंगलवार को यहां इंदिरा भवन में उन 12 राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के अध्यक्षों, प्रभारी महासचिवों, प्रदेश महासचिवों तथा अन्य नेताओं की बैठक बुलाई है जहां चुनाव आयोग ने एसआईआर अभियान शुरु किया है। कांग्रेस का कहना है कि इस तरह की किसी भी प्रक्रिया से वह संवैधानिक संस्थानों के लोकतांत्रिक सुरक्षा उपायों की रक्षा करेगी।

श्री खरगे ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा "हमने उन राज्यों तथा केंद्रशासित प्रदेशों के प्रभारी महासचिवों, प्रदेश महासचिवों, प्रदेश अध्यक्षों, विधानसभा में विपक्ष के नेताओं तथा संबद्ध प्रदेश के प्रभारी सचिवों तथा सचिवों के साथ एक व्यापक रणनीति समीक्षा की, जहां मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण-एसआईआर की प्रक्रिया शुरु की गयी है।"उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में शुद्धता चाहिए और पार्टी इसमें स्पष्टता के लिए प्रतिबद्ध है। लोकतांत्रिक संस्थाओं में जनता का विश्वास पहले से ही डगमगाया है और एसआईआर प्रक्रिया में आयोग का आचरण अब तक बेहद निराशाजनक रहा है। ऐसे माहौल में चुनाव आयोग का दायित्व है कि वह जनता का विश्वास हासिल कर यह साबित करे कि वह भाजपा के इशारे पर काम नहीं कर रहा है। उसे अपनी संवैधानिक शपथ और लोगों के प्रति निष्ठा जताते हुए अपने आचरण से दिखाना होगा कि वह सत्तारूढ़ दल के लिए काम नहीं कर रहा है।

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