तेहरान , फरवरी 23 -- ईरान ने सोमवार को कहा कि वह अमेरिकी अधिकारियों के साथ अपनी बातचीत में किसी अंतरिम समझौते के विचार का समर्थन नहीं करता है। उसने इसके बजाय प्रतिबंधों को हटाने और परमाणु-संबंधी मुद्दों को सुलझाने पर केंद्रित एक त्वरित और परिणाम आधारित समझौते की शर्त रखी है।
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने तेहरान में एक साप्ताहिक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि अस्थायी व्यवस्था के बारे में सभी अटकलों का 'कोई आधार नहीं' है। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी समझौते को बातचीत की मेज पर संयुक्त रूप से आकार देना होगा।
श्री बघाई ने कहा कि ईरान वर्तमान में अपना रुख तैयार कर रहा है और अगले कुछ दिनों के भीतर एक और दौर की बातचीत की उम्मीद कर रहा है। उन्होंने कहा, "हम अब दृष्टिकोण तैयार करने और स्पष्ट करने के चरण में हैं और हमें उम्मीद है कि अगले दो-तीन दिनों के भीतर एक और दौर होगा।" उन्होंने कहा कि प्रतिबंधों से राहत और परमाणु मामलों पर ईरान का रुख स्पष्ट है तथा ईरानी वार्ताकार अमेरिका की स्थिति से पूरी तरह अवगत हैं।
प्रवक्ता ने घोषणा की, "ईरान को लंबी बातचीत से कोई लाभ नहीं होता है। बातचीत हमारे लिए तब उपयोगी होती है जब वह किसी परिणाम तक पहुँचती है। हमें प्रतिबंधों को हटाने के लिए जल्द से जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।"इस मामले में ईरानी की ओर से जानबूझकर संवाद प्रक्रिया को लंबा खींचने की कोशिश से जुडे एक सवाल पर श्री बघाई ने कहा, "इसका कोई आधार नहीं है। हमने बार-बार कहा है कि हम परिणाम तक पहुँचने के लिए बिना किसी रुकावट के हफ्तों तक बातचीत जारी रखने के लिए तैयार हैं।"श्री बघाई ने चेतावनी दी कि ईरान से एकतरफा रियायतें लेने के लिए बनाई गई कोई भी बातचीत सफल नहीं होगी। उन्होंने कहा, "ऐसी कोई भी बातचीत जिसका लक्ष्य एक पक्ष को एकतरफा मांगों को स्वीकार करने के लिए मजबूर करना हो, सफल नहीं होगी। ईरान राजनयिक पथ पर चलने के लिए गंभीर और दृढ़ है। हम इस प्रक्रिया को तब तक जारी रखेंगे जब तक हमें लगेगा कि यह परिणाम की ओर ले जा रही है।"अमेरिका की बढ़ती शत्रुतापूर्ण और आक्रामक बयानबाजी के विषय में श्री बघाई ने कहा कि अमेरिकी धमकियाँ ईरान के दृष्टिकोण को नहीं बदलेंगी। देश के सशस्त्र बल अलर्ट पर हैं। उन्होंने कहा, "अगर बात युद्ध तक पहुँचती है, तो हमारे लड़ाके जवाब देंगे। हमारी सेनाएँ पूरी सतर्कता के साथ ईरान की संप्रभुता की रक्षा के लिए 24 घंटे तैयार हैं।"प्रवक्ता ने परमाणु निगरानी पर कहा कि ईरान के पास अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) के दौरों के लिए कोई पूर्व शर्त नहीं है। उन्होंने नियमित सहयोग और हालिया हमलों में क्षतिग्रस्त सुविधाओं के निरीक्षण के बीच अंतर स्पष्ट किया।
श्री बघाई ने अमेरिकी प्रतिबंध नीति की खुलकर आलोचना करते हुए कहा कि अमेरिकी अधिकारियों ने खुले तौर पर स्वीकार किया है कि व्हाइट हाउस का लक्ष्य ईरानी नागरिकों पर दबाव बढ़ाना है ताकि उन्हें सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया जा सके।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित