नयी दिल्ली , मार्च 26 -- देश में स्टार्टअप और नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी) ने स्टार्टअप, नवोन्मेषकों और उद्यमियों को समर्थन देने के लिए एक डिजिटल मनोरंजन कंपनी के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं।
इस सहयोग के तहत, डीपीआईआईटी निजी क्षेत्र की क्राफ्टन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के साथ मिलकर भारत स्टार्टअप ग्रैंड चैलेंज के तहत नवाचार चुनौतियों के आयोजन की संभावनाओं का पता लगाएगा।
इसके साथ ही गेम डिजाइन, एनीमेशन, इमर्सिव टेक्नोलॉजीज, ई-स्पोर्ट्स मैनेजमेंट और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) अनुप्रयोगों जैसे क्षेत्रों में लक्षित हैकाथॉन, कार्यशालाओं और मास्टरक्लास के आयोजन भी किए जाएंगे।
वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने गुरुवार को एक विज्ञप्ति में बताया कि इस सहयोग का उद्देश्य डिजिटल मनोरंजन, ऑनलाइन गेमिंग, ई-स्पोर्ट्स, इंटरैक्टिव मीडिया और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित प्रौद्योगिकियों जैसे क्षेत्रों में काम करने वाले उत्पाद स्टार्टअप्स के विकास को बढ़ावा देना है। इसका लक्ष्य संरचित उद्योग सहभागिता के माध्यम से स्टार्टअप्स को बढ़ाने और उद्योग-प्रासंगिक समाधान विकसित करने में सक्षम बनाना है।
इस पहल के तहत, स्टार्टअप्स को मेंटरशिप, उद्योग जगत की जानकारी, ज्ञान आदान-प्रदान के प्लेटफॉर्म और चुनिंदा सहभागिता के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। यह साझेदारी स्टार्टअप्स को प्रूफ-ऑफ-कॉन्सेप्ट (पीओसी) विकास, बाजार तक पहुंच और उद्योग पारिस्थितिकी तंत्र में एकीकरण जैसे महत्वपूर्ण लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी सहायता करेगी, जहां भी यह संभव हो।
इस अवसर पर डीपीआईआईटी के संयुक्त सचिव संजीव ने कहा कि यह सहयोग भारत की डिजिटल और रचनात्मक अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि इस तरह की साझेदारियां स्टार्टअप्स को उभरते प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में नवाचार करने, विस्तार करने और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी समाधान विकसित करने में सक्षम बनाती हैं।
इस सहयोग से उद्योग जगत के लोगों के बीच आपसी संवाद, ज्ञान का आदान-प्रदान और वैश्विक सर्वोत्तम प्रथाओं से परिचित होने का अवसर मिलेगा। चयनित स्टार्टअप्स को प्रायोगिक सहयोग के अवसर मिल सकते हैं, और परिणामों के आधार पर आगे भी सहयोग जारी रखने की संभावना है।
इसके अतिरिक्त, यह पहल स्टार्टअप इंडिया कार्यक्रमों में भागीदारी और संपर्क प्रयासों के माध्यम से एक इकोसिस्टम के निर्माण में सहयोग करेगी ताकि स्टार्टअप जगत में सहभागिता को बढ़ाया जा सके।
दोनों पक्षों के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में डीपीआईआईटी के उप सचिव टीएलके सिंह और क्राफ्टन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के सरकारी संबंध प्रमुख विभोर कुकरेती ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए।
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