भोपाल , नवंबर 11 -- मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार ने बिहार में चुनावों के मद्देनजर मिडडे मील योजना के लिए लगभग डेढ़ हजार करोड़ रुपए का आवंटन किया, जबकि मध्यप्रदेश को पिछले आठ महीने में केवल 174 करोड़ रुपए ही दिए गए।

श्री सिंघार ने आरोप लगाया कि मध्यप्रदेश में मिड डे मील मिड डे "डील" बन गया है। भारतीय जनता पार्टी सरकार के कार्यकाल में यह योजना भ्रष्टाचार, घटिया गुणवत्ता और घटते बजट की भेंट चढ़ गई है। मध्यप्रदेश के 88 हजार 299 स्कूलों में 60.24 लाख बच्चों को मिड डे मील देने की योजना है, लेकिन औसतन 25 फीसदी बच्चों को अब भी खाना नहीं मिल पाता।

उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में केंद्र सरकार ने इस योजना के लिए 757.54 करोड़ रुपए का बजट मध्यप्रदेश को आवंटित किया था, लेकिन 8 महीने बीत जाने के बाद भी केवल 174.28 करोड़ रुपए ही जारी किए गए हैं। इसके विपरीत, चुनावी राज्य बिहार को एक हजार 530 करोड़ रुपए का आवंटन मिला और 516 करोड़ रुपए दे दिए गए। वहीं उत्तर प्रदेश को लगभग 45 फीसदी बजट दिया जा चुका है।

श्री सिंघार ने आरोप लगाया कि कैग रिपोर्ट (मार्च 2025) के अनुसार, 8 जिलों में पोषण आहार योजना में 500 करोड़ रुपए का घोटाला सामने आया। रॉ मटेरियल से लेकर वितरण तक हर स्तर पर घोर अनियमितताएँ पाई गईं, लेकिन लोकायुक्त में कांग्रेस द्वारा शिकायत किए जाने के बाद भी सरकार ने दोषियों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की।

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