कोल्हापुर सतारा , जनवरी 02 -- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को कहा कि उनकी सरकार साहित्यिक संस्थानों में दखलंदाजी नहीं करेगी हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि वह जब तक मुख्यमंत्री रहेंगे राज्य में हिंदी भाषा नहीं थोपी जायेगी।

श्री फडणवीस ने आज यहां 99वें अखिल भारतीय मराठी साहित्य सम्मेलन को संबोधित करते हुए यह आश्वासन दिया।महाराष्ट्र साहित्य परिषद, पुणे शाखा शाहूपुरी और मावला फाउंडेशन सतारा के तत्वाधान में ऐतिहासिक शाहू स्टेडियम में आयोजित इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने 'अटकेपार' स्मारिका का विमोचन भी किया। स्मारिका का विमोचन 99वें सम्मेलन के अध्यक्ष 'पानीपतकर' विश्वास पाटिल और अध्यक्ष डॉ. तारा भावलकर की उपस्थिति में हुआ। यह स्मारिका सतारा के इतिहास पर आधारित है।

इस अवसर पर श्री फडणवीस ने कहा कि 'वारकरी संप्रदाय' ने मराठी भाषा को समृद्ध करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने जोर दिया कि साहित्य को राजनीति में आना चाहिए लेकिन राजनीति को साहित्य में प्रवेश नहीं करना चाहिए।

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