बेमेतरा , नवंबर 09 -- छत्तीसगढ़ के साइबर अपराधों की रोकथाम एवं आमजन में जागरूकता लाने के लिए बेमेतरा पुलिस ने जिलेभर में साइबर जनजागरूकता अभियान चलाना शुरु किया है।

पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार 10 अक्टूबर से 10 नवंबर 2025 तक यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में ग्राम जेवरी, टेमरी एवं जौंग में पुलिस टीम द्वारा ग्रामीणों को साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताए गए।

कार्यक्रम का शुभारंभ बेमेतरा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रामकृष्ण साहू ने किया जिन्होंने पुलिस अधीक्षक कार्यालय से साइबर जनजागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह रथ जिले के विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में भ्रमण कर स्कूलों, कॉलेजों, सामाजिक संगठनों एवं आवासीय कॉलोनियों में जाकर लोगों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक कर रहा है।

जागरूकता कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीम ने ग्रामीणों को बताया कि कोई भी अज्ञात व्यक्ति यदि फोन या संदेश के माध्यम से बैंक अधिकारी बनकर खाता विवरण, एटीएम नंबर, ओटीपी या पासवर्ड मांगे, तो ऐसी जानकारी कभी न दें। बैंक कभी भी इस तरह की जानकारी नहीं मांगते। किसी भी प्रकार के संदेह होने पर तुरंत बैंक या पुलिस से संपर्क करें।

साथ ही बताया गया कि साइबर फ्रॉड होने की स्थिति में हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या सरकारी पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। लोगों को चिटफंड कंपनियों, फर्जी कॉल, लॉटरी, निवेश ठगी, सोना-चांदी चमकाने के नाम पर धोखाधड़ी जैसे अपराधों से सतर्क रहने की सलाह दी गई।

कार्यक्रम में पुलिस ने 'हमर पुलिस हमर गांव' एवं 'हमर पुलिस हमर बजार' जैसे सामुदायिक पुलिसिंग अभियानों के तहत चौपाल लगाकर ग्रामीणों को न केवल साइबर सुरक्षा के बारे में बताया, बल्कि यातायात नियमों का पालन, हेलमेट पहनने की आदत और बाहरी लोगों की गतिविधियों पर सतर्क नजर रखने की अपील भी की।

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