पटना , जनवरी 23 -- बिहार विधान सभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने शुक्रवार को कहा कि सरस्वती पूजा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है, बल्कि यह ज्ञान, विवेक और संस्कारों के प्रति हमारी श्रद्धा का प्रतीक है।
डॉ. प्रेम कुमार ने आज बसंत पंचमी के शुभ अवसर पर विधान सभा विस्तारित भवन स्थित पुस्तकालय में अधिष्ठापित माँ सरस्वती की प्रतिमा की विधिवत पूजा अर्चना की।
डॉ. प्रेम कुमार ने इस अवसर पर कहा कि सरस्वती पूजा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है, बल्कि यह ज्ञान, विवेक और संस्कारों के प्रति हमारी श्रद्धा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उनकी कामना है कि माँ सरस्वती सभी को ज्ञान से समृद्ध करें, जिससे हम अपना और राष्ट्र का उज्जवल भविष्य गढ़ सकें। आज के इस तेज़ी से बदलते युग में शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने तक सीमित नहीं है। सच्ची शिक्षा वही है जो हमें सही और गलत में अंतर करना, मानवीय मूल्यों को अपनाना और समाज के प्रति उत्तरदायी नागरिक बनना सिखाए। उन्होंने कहा कि वह मां सरस्वती से प्रार्थना करते हैं कि वे हम सभी को सद्बुद्धि, विवेक और सफलता का आशीर्वाद प्रदान करें।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा , विधान सभा की प्रभारी सचिव डॉ. ख्याति सिंह एवं सभा सचिवालय के वरीय पदाधिकारीगण एवं कर्मचारीगण उपस्थित थे।
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