श्रीगंगानगर , दिसम्बर 31 -- राजस्थान में श्रीगंगानगर जिला पुलिस के लिए वर्ष 2025 कुछ मामलों में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाला रहा, जबकि कुछ क्षेत्रों में चुनौतियाें भरा रहा।
वर्ष 2025 में जहां भारत-पाकिस्तान सीमा पर मादक पदार्थों की तस्करी, मेडिकेटेड नशा, छीना-झपटी, चोरी और नकबजनी की घटनाओं में कमी आई, वहीं सड़क हादसों और महिला अत्याचारों के मामलों में भी कमी दर्ज की गई।
इस साल के आखिरी दिन (बुधवार को) पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन ने पुलिस लाइन में पत्रकारों को बताया कि गत वर्ष की तुलना में जिला पुलिस की उपलब्धियां काफी अच्छी रहीं और 2025 का वर्ष काफी संतोषजनक रहा। इस दौरान मादक द्रव्य एवं मनोत्तेजक पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत 624 मामले दर्ज किए गए, जिनमें 771 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान 73 किलो 711 ग्राम अफीम, 108 किलो गांजा, तीन हजार 201 किलो डोडा पोस्त, 20 किलो हेरोइन, 640 ग्राम स्मैक, 15 हजार 660 नशीली गोलियां जब्त की गईं। कुल मिलाकर 113 करोड़ 71 लाख 94 हजार 775 रुपये कीमत के मादक पदार्थ बरामद हुए।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2025 में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर ड्रोन से तस्करी के 12 मामले दर्ज हुए, जिनमें 13 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें 12 किलो 600 ग्राम हेरोइन, तीन ड्रोन, तीन पिस्तौल और मैगजीन बरामद किए गए। प्रतिबंधित नशीली गोलियों के 136 मामलों में 161 व्यक्तियों को गिरफ्तार करके सात लाख आठ हजार 465 नशीली गोलियां जब्त की गईं।
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