रांची , दिसंबर 04 -- झारखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र से पहले प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में कांग्रेस विधायक दल की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में कांग्रेस के सभी विधायक, कांग्रेस कोटे के मंत्री, झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, एआईसीसी के सदस्य एवं झारखंड कांग्रेस प्रभारी के. राजू और सह-प्रभारी श्रीबेला प्रसाद शामिल हुए।
बैठक का उद्देश्य सत्र के दौरान कांग्रेस की रणनीति तय करना और विपक्ष के हमलों का प्रभावी जवाब देने की तैयारी करना था।
बैठक की अध्यक्षता विधायक प्रदीप यादव ने की। उन्होंने कहा कि सत्र भले ही छोटा हो, लेकिन कांग्रेस इस अल्प अवधि का अधिकतम उपयोग करेगी। निर्णय लिया गया कि सभी विधायक जनसरोकार के मुद्दों को मजबूती से उठाएंगे और कांग्रेस कोटे के चारों मंत्री पूरी तैयारी के साथ सदन में उपस्थित रहकर विपक्ष के हर सवाल का तथ्यपूर्ण और सटीक जवाब देंगे। साथ ही यह भी तय किया गया कि यदि भाजपा या विपक्ष की ओर से सदन के अंदर या बाहर कांग्रेस और उसके नेताओं के खिलाफ अनर्गल या असंसदीय टिप्पणी की जाती है, तो कांग्रेस विधायक इसका मजबूती से विरोध करेंगे।
बैठक में मौजूद स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि कांग्रेस चाहती है कि शीतकालीन सत्र का सार्थक उपयोग हो। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि उम्मीद है भाजपा विधायकों को भी "सद्बुद्धि" मिले ताकि वे सदन में जनता के मुद्दों को रखें, न कि अनावश्यक हंगामा कर सदन की कार्यवाही बाधित करें। उन्होंने कहा कि यदि विपक्ष जनहित के प्रश्न उठाएगा तो कांग्रेस के मंत्री पूरी गंभीरता से उनका जवाब देंगे, लेकिन बेवजह का ड्रामा किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
डॉ. अंसारी ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा षड्यंत्र के तहत सरकार को अस्थिर करने के लिए अफवाहें फैला रही है, जिसका असर प्रशासनिक कार्यों पर पड़ रहा है। अफसर भ्रमित हैं और विकास कार्यों में बाधा आ रही है, जो भाजपा की राजनीति का हिस्सा है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस पूरी तरह एकजुट है और सरकार मजबूती से चल रही है। कांग्रेस विधायक दल की यह बैठक सत्र के लिए संयुक्त रणनीति और मजबूत तैयारियों का संदेश देती है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित