बारां , अप्रैल 23 -- राजस्थान में बारां जिले के खटका स्थित राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में सात शिक्षकों को एपीओ किए जाने के मामले में हुई विभागीय जांच रिपोर्ट में कई खुलासे हुए हैं।
आधिकारिक सूत्रों ने गुरुवार को बताया कि प्रिंसिपल स्कूल में स्टाफ एवं शिक्षकों के साथ गाली-गलौज करने के साथ ही अभद्र भाषा का उपयोग भी करता था, जिससे वह भयभीत रहते थे। यहीं कारण था कि प्रधानाचार्य की यह शिकायत विभाग को, न स्टाफ ने दी और न ही ग्रामीणों या जनप्रतिनिधि ने पहुंचाई।
हालांकि शिक्षा विभाग ने प्रिंसिपल द्वारा जारी एपीओ के आदेश तो बुधवार को ही निरस्त करके उन्हें बहाल करा दिया। अब पूरे मामले की जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों के पास पहुंची है, जहां से अगली कार्रवाई होनी है।
सूत्रों के अनुसार खटका स्कूल के प्रिंसिपल भंवरलाल शर्मा अधिकांश समय स्कूल से अनुपस्थित रहते थे, लेकिन विभागीय पोर्टल के माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज कर लेते थे। शिक्षकों और स्टाफ को दबाव में लेकर गंगानगर से ही स्कूल का संचालन करते थे। ग्रामीण एवं छात्रों के बयान जांच रिपोर्ट में शामिल किए गए हैं। प्रिंसिपल द्वारा स्टाफ को निर्देश दिए थे कि उनकी गैर मौजूदगी में कोई भी रिकॉर्ड किसी को नहीं दिखाया जाए। प्रिंसिपल का एक मामला पुलिस थाने में भी लंबित है जिसकी जांच की जा रही है।
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