जौनपुर , जनवरी 10 -- उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री और जौनपुर के प्रभारी ए के शर्मा ने शनिवार को विकसित भारत- गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक- (वीबी जी-राम- जी)2025 का स्वागत करते हुए कहा कि इसके पास होने से गांव में रहने वाले मजदूरों को फायदा होगा और योजना ग्रामीण सशक्तिकरण के लिए ऐतिहासिक कदम है।

श्री शर्मा ने यहां पत्रकारो से कहा कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विकसित भारत- गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक वीबी जी-राम जी -2025 को अपनी स्वीकृति दे दी है, अब यह पूरे देश में लागू हो जाएगा। यह विधेयक महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) का स्थान लेगा और ग्रामीण श्रमिकों के लिए 100 दिन के स्थान पर 125 दिनों के रोजगार का प्रावधान है।

उन्होंने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित बनाने के लक्ष्य में गांव और ग्रामीणों के विकास को बहुत महत्व मानकर चल रही मोदी सरकार ग्रामीण रोजगार गारंटी नीति बड़े बदलाव के साथ धरातल पर उतारने जा रही है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत बुवाई और कटाई के चरम सीजन में कृषि से संबंधित गतिविधियों के लिए कृषि श्रम की उपलब्धता आसान करने को यह अधिनियम राज्यों को एक वित्त वर्ष में कुल 60 दिनों तक विराम अवधि अधिसूचित करने का अधिकार देगा और इस अधिनियम में मजदूरी का भुगतान साप्ताहिक आधार पर या किसी भी स्थिति में कार्य की समाप्ति के 15 दिनों के भीतर किए जाने की अनिवार्यता है, देरी होने पर विलंब मुआवजा दिया जाएगा।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि वीबी जी राम जी योजना के लिए 1,51,282 करोड रुपए आवंटित किए जाएंगे ताकि ग्रामीण रोजगार के लिए पर्याप्त धन सुनिश्चित किया जा सके। इससे ग्रामीण श्रमिकों, किसानों एवं मेहनतकश वर्ग के जीवन में व्यापक और सकारात्मक परिवर्तन आएगा। यह अधिनियम ग्रामीण समाज को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा।

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