भोपाल , अप्रैल 29 -- मक्का-मदीना रूबात प्रकरण को लेकर मध्यप्रदेश में सियासी और सामाजिक हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद बुधवार दोपहर 1 बजे मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सनव्वर पटेल को ज्ञापन सौंपा।
विधायक आरिफ मसूद द्वारा दिए गए ज्ञापन में मुतवल्लिया सबा अली खान पटौदी एवं सिकंदर हफीज पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। आरोप है कि दोनों ने रियासतकालीन रूबात व्यवस्था के नाम पर हाजियों को लंबे समय से गुमराह किया और उन्हें मक्का-मदीना में ठहरने की सुविधा नहीं मिल पाई, जिससे हज यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि बीते कई वर्षों से इस विषय में बैठकें होती रहीं और हाजियों को आश्वासन दिया जाता रहा कि जल्द ही रूबात व्यवस्था शुरू कर दी जाएगी, लेकिन अब तक कोई ठोस प्रगति नहीं हुई। हर वर्ष हाजी उम्मीद के साथ जाते हैं, पर उन्हें आवास नहीं मिल पाता।
विधायक मसूद ने अपने पत्र में यह भी कहा है कि रियासत भोपाल के समय हाजियों की सुविधा के लिए मक्का और मदीना में रूबात बनाई गई थी, ताकि उन्हें ठहरने में कोई परेशानी न हो। वर्तमान में यह व्यवस्था ठप होने से वक्फ की मूल भावना प्रभावित हो रही है।
पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि सिकंदर हफीज ने कई बार यह कहा है कि उनका इस मामले से कोई लेना-देना नहीं है और वे विदेश (दुबई) शिफ्ट होने की बात कर चुके हैं, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ जाती है।
ज्ञापन में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग द्वारा संज्ञान लिए जाने का हवाला देते हुए वक्फ बोर्ड से मांग की गई है कि दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया जाए, उनके पासपोर्ट जब्त किए जाएं और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
विधायक मसूद ने कहा है कि भोपाल के हाजियों को हो रही परेशानियों को देखते हुए इस मामले में तत्काल सख्त कार्रवाई आवश्यक है। उन्होंने संबंधित सभी दस्तावेज भी वक्फ बोर्ड को सौंपने की बात कही है। ज्ञापन सौंपने के बाद विधायक मसूद वक्फ बोर्ड कार्यालय के समीप पत्रकारों से चर्चा कर पूरे मामले पर अपना पक्ष विस्तार से रखा।
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