वाराणसी , फरवरी 3 -- वाराणसी विकास प्राधिकरण (वीडीए) के उपाध्यक्ष पूर्ण बोरा ने नगरवासियों को सूचित किया है कि काशी के सुव्यवस्थित, पर्यावरण-अनुकूल एवं संतुलित विकास के उद्देश्य से रिंग रोड एवं प्रमुख मार्गों के किनारे ग्रीन बेल्ट (हरित पट्टी) का प्रावधान किया गया है।
उन्होंने बताया कि नगर क्षेत्र में रिंग रोड की कुल चौड़ाई 60 मीटर निर्धारित है, जिसके बाद दोनों ओर 20-20 मीटर चौड़ी ग्रीन बेल्ट विकसित की जानी है। यह हरित पट्टी यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण, हरियाली संवर्धन और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
उपाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित 20 मीटर ग्रीन बेल्ट क्षेत्र में सामान्यतः सभी प्रकार के स्थायी निर्माण पूर्णतः प्रतिबंधित हैं। ग्रीन बेल्ट का उद्देश्य खुले एवं हरित क्षेत्रों का संरक्षण करना है। हालांकि, नियमानुसार कुछ सीमित और पर्यावरण-अनुकूल उपयोगों की अनुमति दी गई है।
ग्रीन बेल्ट क्षेत्र में पेट्रोल पंप, खेल मैदान, स्पोर्ट्स ग्राउंड, स्विमिंग पूल, बहुउद्देशीय खुले स्थान, पार्क, रेसकोर्स, स्टेडियम, पिकनिक स्थल, कैंपिंग स्थल, ट्रैफिक पार्क, मनोरंजन पार्क, एक्वेरियम, चिड़ियाघर, संग्रहालय और पक्षी वन्यजीव अभयारण्य जैसे सार्वजनिक उपयोग अनुमन्य हैं। इसके अतिरिक्त किसी भी प्रकार का आवासीय या व्यावसायिक निर्माण पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
वीडीए ने आजमगढ़ रोड, संदहा मार्ग, जीटी रोड तथा रिंग रोड के किनारे ग्रीन बेल्ट प्रस्तावित की है। इन क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य प्राधिकरण से विधिवत मानचित्र स्वीकृत कराए बिना नहीं किया जा सकेगा। बिना अनुमति किया गया निर्माण अवैध माना जाएगा और उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई, जिसमें ध्वस्तीकरण भी शामिल है, की जाएगी।
श्री बोरा ने नागरिकों, भू-स्वामियों, बिल्डरों एवं विकासकर्ताओं से अपील की कि वे ग्रीन बेल्ट संबंधी नियमों का पालन करें और किसी भी निर्माण से पूर्व आवश्यक अनुमति अवश्य प्राप्त करें, ताकि पर्यावरण संरक्षण और नगर के सुनियोजित विकास को सुनिश्चित किया जा सके।
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