नयी दिल्ली , नवम्बर 7 -- दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेन्द्र गुप्ता ने कहा है कि वंदे मातरम् भारत की शक्ति, साहस और दिव्यता का काव्य रूप है जो हमारी आत्मा और राष्ट्र को एक सूत्र में बांधता है।
श्री विजेंद्र गुप्ता ने 'वंदे मातरम्' की 150वीं वर्षगांठ पर आयोजित विशेष समारोह को संबोधित करते हुए शुक्रवार को कहा कि दिल्ली विधानसभा में स्थापित वंदे मातरम् की स्मृति पट्टिका आने वाले प्रत्येक आगंतुक को इस अमर गीत की स्वतंत्रता संग्राम में भूमिका और इसकी प्रेरक शक्ति की याद दिलाएगी। बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय ने सात नवम्बर 1875 के दिन इस गीत की रचना की थी, जब वे ब्रिटिश शासन की यातनाओं और अपमान से व्यथित थे। बाद में यह गीत 'आनंदमठ' (1882) उपन्यास में शामिल हुआ।
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