खरगोन, 4 जनवरी (वार्ता) मध्यप्रदेश के खरगोन जिला मुख्यालय पर शराब की कथित तस्करी के दौरान घायल युवक के इलाज के लिए मुआवजे की मांग को लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम कर रही भीड़ ने एक यात्री बस पर जमकर पथराव और तोड़फोड़ की। घटना में एक पुलिस सब इंस्पेक्टर घायल हो गया। हालात बिगड़ने पर पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा। मामले में पुलिस ने देर रात दो प्रकरण दर्ज किए हैं।
खरगोन कोतवाली प्रभारी बीएल मंडलोई ने बताया कि जामली ग्राम के ग्रामीणों ने शनिवार शाम बिस्टान नाके पर चित्तौड़गढ़-भुसावल नेशनल हाईवे पर चक्का जाम कर दिया था। ग्रामीणों की मांग थी कि 17 दिसंबर को आबकारी विभाग और शराब ठेकेदार की संयुक्त कार्रवाई के दौरान घायल हुए युवक सावन के इलाज के लिए शराब ठेकेदार द्वारा 15 लाख रुपए मुआवजा दिया जाए। डिप्टी कलेक्टर अनिल जैन, एसडीओपी रोहित लखारे सहित अन्य अधिकारियों द्वारा चक्का जाम नहीं करने की समझाइश के बावजूद प्रदर्शनकारी सड़क से नहीं हटे।
इसी दौरान यात्रियों से भरी एक बस मौके पर पहुंची, जो प्रतिदिन मजदूरी कर सिरवेल क्षेत्र जाने वाली महिलाओं को बैठाने लगी। इससे चक्का जाम कर रही भीड़ उग्र हो गई और बस पर पथराव कर उसमें तोड़फोड़ कर दी। पथराव की चपेट में जाम में फंसे करीब 10 अन्य वाहन भी आ गए। इस दौरान पुलिस सब इंस्पेक्टर घनश्याम मालवीय घायल हो गए। भीड़ ने शराब दुकान पर हमला करने की भी कोशिश की।
स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने बल प्रयोग कर भीड़ को तितर-बितर किया। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि सब इंस्पेक्टर की शिकायत पर 15 नामजद और 25 अन्य लोगों के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा, मारपीट, बलवा सहित अन्य धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। वहीं बस कंडक्टर की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है।
प्रदर्शन में शामिल घायल युवक सावन की मां कुसुम और रिश्तेदार रोहित गिरासे ने आरोप लगाया कि 17 दिसंबर को शराब के अवैध परिवहन का आरोप लगाकर दुपहिया वाहन से जा रहे सावन और उसके दोस्त दिलीप को शराब ठेकेदार के लोगों ने जीप से टक्कर मार दी थी, जिससे सावन गंभीर रूप से घायल हो गया। उन्होंने बताया कि अब तक इलाज में करीब 15 लाख रुपए खर्च हो चुके हैं और सावन अभी भी चलने-फिरने में असमर्थ है।
कोतवाली प्रभारी मंडलोई ने बताया कि सावन को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। बस में सवार यात्रियों को चोट आई या नहीं, इसकी जानकारी फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सकी है। कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया गया है।
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