रायपुर, 04 जनवरी 2026 ( वार्ता ) छत्तीसगढ़ के रायपुर में कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण को लेकर पुलिस प्रशासन ने वर्ष 2025 का वार्षिक अपराध लेखा-जोखा सार्वजनिक किया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने रविवार मीडिया को जिले में दर्ज अपराधों, उनकी प्रवृत्ति और पुलिस कार्रवाई की विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर पुलिस विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
डॉ. सिंह ने बताया कि वर्ष 2025 में अपराधों की कुल संख्या में कमी दर्ज की गई है। एक जनवरी से 31 दिसंबर 2025 के बीच रायपुर जिले में कुल 15,885 एफआईआर दर्ज हुईं, जबकि वर्ष 2024 में यह आंकड़ा 17,703 था। पुलिस के अनुसार यह गिरावट अपराध नियंत्रण की दिशा में किए गए सख़्त अभियानों का परिणाम है।
हालांकि, गंभीर अपराधों के आंकड़े अब भी चिंता बढ़ाने वाले हैं। वर्ष 2025 में हत्या के कुल 90 मामले दर्ज किए गए, जिनमें से 85 मामलों का खुलासा करते हुए पुलिस ने 167 आरोपियों को गिरफ्तार किया। वहीं हत्या के प्रयास के 97 मामलों में 213 आरोपियों को पकड़ा गया। औसतन हर चार दिन में एक हत्या और एक हत्या के प्रयास की घटना सामने आना सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
वहीं, संपत्ति संबंधी अपराधों की बात करें तो डकैती के 7 मामलों में से छह का खुलासा कर 43 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। लूट के 71 मामलों में 137 आरोपियों पर कार्रवाई हुई। चोरी के 1,442 मामले दर्ज किए गए, जो पिछले वर्ष की तुलना में कम हैं। इसी तरह नकबजनी के मामलों में भी गिरावट दर्ज की गई है।
नशे के खिलाफ चलाए गए अभियानों के तहत वर्ष 2025 में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत 271 प्रकरण दर्ज किए गए। इन मामलों में 445 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई तथा करीब 2 करोड़ 78 लाख रुपये मूल्य के मादक पदार्थ, वाहन और अन्य सामग्री जब्त की गई। पुलिस के अनुसार, इनमें कई आरोपी अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क से जुड़े थे।
साइबर अपराध के मोर्चे पर भी पुलिस ने सक्रियता दिखाई। एनसीआरपी पोर्टल के माध्यम से प्राप्त 8,680 ऑनलाइन ठगी की शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए 11 करोड़ रुपये से अधिक की राशि होल्ड कराई गई, जबकि लगभग 90 लाख रुपये पीड़ितों को वापस दिलाए गए। इसके साथ ही सोशल मीडिया पर हथियारों के प्रदर्शन और अवैध गतिविधियों से जुड़े 95 से अधिक पोस्ट हटवाए गए।
सड़क सुरक्षा के आंकड़े मिश्रित तस्वीर पेश करते हैं। वर्ष 2025 में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में मामूली कमी आई, लेकिन इनमें मौतों की संख्या बढ़ी है। 2024 में जहां 594 लोगों की जान गई थी, वहीं 2025 में यह आंकड़ा बढ़कर 618 हो गया, जो लगभग 4 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।
यातायात नियमों के उल्लंघन पर पुलिस ने 1,44,050 चालानी कार्रवाई करते हुए 14 करोड़ 32 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना वसूला। ड्रिंक एंड ड्राइव के 1,537 मामले दर्ज किए गए और यातायात जागरूकता के लिए सैकड़ों कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इसके अलावा हथियार कानून , सट्टा और आबकारी मामलों में कुल 566 से अधिक आरोपियों पर कार्रवाई की गई। पुलिस ने बड़ी मात्रा में अवैध हथियार और नकद राशि भी जब्त की।
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