चंडीगढ़ , मार्च 14 -- हरियाणा से राज्य सभा की दो सीटों के लिए 16 मार्च को मतदान होना है। इस चुनाव में तीन उम्मीदवार मैदान में हैं, (भाजपा), (कांग्रेस) और निर्दलीय प्रत्याशी। तीन उम्मीदवारों के कारण इस बार मुकाबला दिलचस्प हो गया है।
निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल को तीन निर्दलीय विधायकों और भाजपा के परोक्ष समर्थन से चुनाव मैदान में उतरा माना जा रहा है। कांग्रेस को आशंका है कि उसके वोटों में सेंध लग सकती है। इसी वजह से कांग्रेस ने अपने अधिकांश विधायकों को पार्टी शासित हिमाचल प्रदेश भेज दिया है और मतदान से ठीक पहले उन्हें चंडीगढ़ लाने की योजना बनायी गयी है।
राजनीतिक दलों के टिकट पर निर्वाचित विधायकों को मतदान के बाद अपना बैलेट पेपर अपनी पार्टी के अधिकृत एजेंट को दिखाना अनिवार्य होता है, अन्यथा उनका वोट अमान्य हो सकता है।
नब्बे सदस्यीय हरियाणा विधानसभा में भाजपा, कांग्रेस और इनेलो के कुल 87 विधायकों को यह नियम मानना होगा। केवल तीन निर्दलीय विधायक ही बिना किसी को दिखाये गुप्त रूप से अपना वोट बैलेट बॉक्स में डाल सकेंगे।
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