हरिद्वार , नवंबर 15 -- राजाजी टाइगर रिज़र्व में पर्यटन सत्र की शुरुआत शनिवार को पारंपरिक पूजन के साथ चीला, मोतीचूर, हरिद्वार एवं चिल्लावाली पर्यटन गेट खोलकर की गई। निर्धारित समय-सारणी के अनुसार सभी सफारी गेट पूर्व वर्षों की भांति संचालित होंगे।
पिछले सत्र में 15 नवंबर 2024 से 15 जून 2025 तक लगभग 51,500 सैलानियों ने रिज़र्व का भ्रमण किया था, जिनमें 49,500 भारतीय व 2,000 विदेशी पर्यटक शामिल थे जबकि करीब 14,500 जिप्सियों का प्रवेश दर्ज हुआ था।
देहरादून, हरिद्वार और ऋषिकेश की निकटता तथा समृद्ध जैव विविधता के कारण यहां इको-टूरिज़्म लगातार बढ़ रहा है। रिज़र्व में बाघ, तेंदुआ, हाथी सहित 315 से अधिक पक्षी प्रजातियाँ पाई जाती हैं, वहीं चीला ट्रैक सबसे पुराना और लोकप्रिय माना जाता है जहां बड़ी संख्या में वन्यजीवों के दिखने की संभावना रहती है।
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