जयपुर , फरवरी 24 -- राजस्थान विधानसभा के बजट सत्र में मंगलवार को सदन में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राष्ट्रीय अध्यक्ष की फोटो लगी बुकलेट बांटने को लेकर विपक्ष कांग्रेस के सदस्यों ने वेल में आकर नारेबाजी और हंगामा किया।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामलात की अनुदान मांगों पर चर्चा के बाद जब विभाग के मंत्री सुमित गोदारा बहस का जवाब देने लगे इस दौरान नेता प्रतिपक्ष टीकराम जूली ने यह मामला उठाया और सरकार से इस पर जवाब मांगा। इस पर विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि नोटिस दे दो इसके बाद बात की जायेगी।
इस दौरान कांग्रेस सदस्य इस मुद्दे को लेकर सदन की वेल में आकर नारेबाजी करने लगे जिससे सदन में हंगामा हुआ। श्री देवनानी हंगामा कर रहे सदस्यों से बार बार कहा कि आपत्ति पर लिखित में नोटिस लाओ तब बात करेंगे। उन्होंने कहा कि कल सुबह नोटिस दे दो वह सरकार से बात करा देंगे। हंगामा नहीं रुकने और प्रतिपक्ष के सदस्यों के बार बार जवाब की मांग करने पर अध्यक्ष ने कहा कि वह किसी दबाव में नहीं आयेंगे, दबाव में लेने चाह रहे हो।
अध्यक्ष ने फिर कहा कि पहले अपनी अपनी सीटों पर जाओं और लिखित में नोटिस दे तब व्यवस्था दूंगा।
उन्होंने कहा कि लिखित में नोटिस देने पर कल शाम तक सरकार से बात करा दूंगा। उन्होंने कहा किबिना सूचना दिए वेल में आ गये। श्री देवनानी ने श्री गोदारा से अपना जवाब जारी रखने के लिए कहा और हंगामें के बीच ही वह अनुदान मांगों पर जवाब देते रहे।
इस दौरान संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने प्रतिपक्ष से निवेदन करते हुए कहा कि अगर कोई एतराज है तो नोटिस दे दे, प्रश्न का समाधान करेंगे लेकिन सदन नियम एवं व्यवस्था से चलता है। अध्यक्ष बार बार विपक्ष के सदस्यों से अपनी सीटों पर जाने का कहते रहे और बाद में कांग्रेस सदस्य अपनी सीटों पर आ गये।
इसके बाद श्री जूली ने कहा कि हम बहस में हिस्सा लेने चाहते है पर सरकार जवाब तो दे। श्री पटेल ने कहा कि नोटिस दे दो उसका जवाब दिया जायेगा लेकिन चलती सदन में ऐसा विषय नहीं उठाया जा सकता। श्रीदेवनानी कहा कि कल सुबह 11 बजे तक लिखित में नोटिस दे दो, शाम तक सरकार की तरफ से जवाब दिलवा देंगे। उन्होंने कहा कि अब व्यवस्था दे दी गई।
इस दौरान जूली ने कहा कि कागज सदन के पटल पर आ गया है और टेबल किया गया है। इस पर श्रीपटेल ने कहा कि कोई कागज सदन में टेबल नहीं हुआ। इस पर अध्यक्ष ने भी कहा कि टेबल नहीं हुआ है। श्री जूली ने कहा कि टेबल नहीं हुआ तो यह सदन में कहा से आ गया। बाद में मामला शांत हो गया।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित