मैनपुरी , फरवरी 05 -- मैनपुरी जिले में एक अजीबो-गरीब और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें मृत युवक के नाम पर उसके भाई द्वारा कथित रूप से लेखपाल की नौकरी करने का आरोप है। प्रकरण उजागर होने के बाद प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं।

मामला सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला हंसनगर निवासी अखिलेश कुमार से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार 11 फरवरी 2016 की रात अखिलेश के भाई अनिल कुमार ने जहर खा लिया था। उपचार के दौरान पीजीआई सैफई में उसकी मृत्यु हो गई और 12 फरवरी 2016 को इटावा में पोस्टमार्टम कराया गया। बताया जाता है कि मृत्यु से पूर्व अनिल कुमार ने लेखपाल पद की परीक्षा दी थी, जिसमें वह उत्तीर्ण हुआ था। उसके निधन के बाद लेखपाल पद का नियुक्ति पत्र उसके घर पहुंचा।

आरोप है कि इसके बाद अखिलेश कुमार ने कथित रूप से फर्जीवाड़ा करते हुए अपने आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों में मृत भाई अनिल कुमार का नाम दर्ज करा लिया और 1 जून 2016 को अनिल कुमार के नाम से लेखपाल पद पर ज्वाइनिंग कर ली। वर्तमान में वह तहसील करहल, जनपद मैनपुरी में मृतक अनिल कुमार के नाम से तैनात बताया जा रहा है। आरोपों के मुताबिक इस पूरे प्रकरण में उसकी मां का भी सहयोग रहा।

मामले में नया मोड़ तब आया जब अखिलेश की पत्नी सुबीना देवी ने इस कथित फर्जीवाड़े का विरोध किया। सुबीना देवी का आरोप है कि पति की नौकरी चली जाने के डर से उसने उन्हें धमकाया, मारपीट की और लगातार उत्पीड़न किया। उनका कहना है कि कई बार जान से मारने की कोशिश भी की गई।

सुबीना देवी ने आरोप लगाया कि 28 अप्रैल 2024 की रात अखिलेश कुमार ने अपनी मां अंगूरी देवी के साथ मिलकर उन्हें बुरी तरह पीटा और दो दिनों तक घर में बंद रखा। किसी तरह जान बचाकर वह अपने मायके ग्राम विरिया नगला, थाना जहानगंज, जिला फर्रुखाबाद पहुंचीं। इसके बाद उन्होंने जिलाधिकारी से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की।

पत्नी की शिकायत के आधार पर प्रशासन ने पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। मृतक के नाम पर नौकरी करने और फर्जी दस्तावेज तैयार करने जैसे गंभीर आरोपों के चलते यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है। जांच के बाद ही पूरे प्रकरण की सच्चाई सामने आ सकेगी।

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