पटना , जनवरी 07 -- बिहार के योजना एवं विकास मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने बुधवार को कहा कि मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना के अंतर्गत कुल आवंटित धनराशि का 71.40 प्रतिशत विधायकों एवं विधान परिषद सदस्यों की तरफ से अनुशंसित स्थानीय विकास कार्यों पर व्यय किया जा चुका है।

श्री यादव ने आज संवाददाताओं को बताया कि यह व्यय 17वीं बिहार विधान सभा (जिसका कार्यकाल पिछले वर्ष 25 नवंबर को समाप्त हुआ) के सदस्यों तथा बिहार विधान परिषद के सदस्यों के माध्यम से वर्ष 2021-22 से 2025-26 की अवधि में अनुशंसित विकास कार्यों से संबंधित है। उन्होंने बताया कि स्वीकृत परियोजनाओं में से लगभग 20 प्रतिशत अभी विभिन्न चरणों में कार्यान्वयनाधीन हैं।

मंत्री ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2023-24 से इस योजना के तहत प्रत्येक विधायक/विधान परिषद सदस्य के लिए वार्षिक आवंटन तीन करोड़ रुपये से बढ़ाकर चार करोड़ रुपये कर दिया गया है, जिससे उनके निर्वाचन क्षेत्रों में विकास कार्यों की गति तेज करने में मदद मिलेगी।

श्री यादव ने बताया कि कुल 5,088 करोड़ रुपये की स्वीकृत राशि के मुकाबले अब तक 3,633.25 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। योजना के तहत 72,206 विकास कार्य पूरे किए जा चुके हैं, जबकि 17,621 कार्य वर्तमान में प्रगति पर हैं।

मंत्री ने सांसदों के माध्यम से अनुशंसित परियोजनाओं के संबंध में बताया कि स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (एमपीएलएडीएस) के अंतर्गत 18वीं लोकसभा के सांसदों से अनुशंसित परियोजनाओं में से 45.11 प्रतिशत परियोजनाएं नवंबर 2025 तक पूरी कर ली गई हैं। स्वीकृत 2,456 परियोजनाओं में से 1,108 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं। उन्होंने कहा कि 17वीं लोकसभा के दौरान सांसदों से अनुशंसित 13,093 परियोजनाओं में से 12,190 परियोजनाएं पूरी की जा चुकी हैं, जिन पर कुल 621.9 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। उन्होंने बताया किराज्यसभा सांसदों द्वारा अनुशंसित कार्यों के संबंध में यादव ने बताया कि वर्ष 2014-15 से 2025-26 के बीच स्वीकृत 3,792 परियोजनाओं में से 2,914 परियोजनाएं पूरी कर ली गई हैं और 868 परियोजनाएं अभी प्रगति पर हैं।

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