तेहरान , फरवरी 7 -- ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने शनिवार को कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ बातचीत में देश का मिसाइल कार्यक्रम 'कभी विचार-विमर्श का विषय नहीं' था।
श्री अराघची ने यह टिप्पणी कतर के अल जजीरा को दिये साक्षात्कार में ये बातें कही। इसका एक हिस्सा शनिवार को उनके टेलीग्राम चैनल पर फारसी में साझा किया गया।
ईरान और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच शुक्रवार को हुई अप्रत्यक्ष वार्ता-जो पूरी तरह से ईरान के परमाणु मुद्दे पर केंद्रित थी, पर टिप्पणी करते हुए श्री अराघची ने कहा कि यह एक अच्छी 'शुरुआत' थी, लेकिन विश्वास बनाने के लिए अभी एक लंबा रास्ता तय करना बाकी है।
पिछले महीनों के दौरान अमेरिका ईरान से मिसाइल कार्यक्रम पर रोक लगाने की मांग करता रहा है, जिसे तेहरान ने दृढ़ता से खारिज कर दिया है।
श्री अराघची ने कहा, "मिसाइल कार्यक्रम पर कभी समझौता नहीं हो सकता, क्योंकि यह रक्षा से जुड़ा मुद्दा है। हमें उम्मीद है कि अमेरिकी नीति में यह दृष्टिकोण देखने को मिलेगा।"उन्होंने कहा कि अमेरिका और इजरायल पिछले जून में देश के परमाणु केंद्रों पर बमबारी के बावजूद ईरान की परमाणु क्षमताओं को नष्ट करने में विफल रहे। उन्होंने अपने क्षेत्र में यूरेनियम संवर्धन जारी रखने के ईरान के 'अविभाज्य' अधिकार पर भी जोर दिया।
संभावित अमेरिकी हमले के संबंध में श्री अराघची ने कहा कि ईरान के लिए अमेरिकी मुख्य भूमि पर हमला करना संभव नहीं होगा, लेकिन वह पश्चिम एशिया में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बना सकता है।
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