जयपुर , दिसम्बर 09 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रदेश में खनन, ऊर्जा, शिक्षा, पर्यटन तथा स्वास्थ्य सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति और निवेश की अपार संभावनाएं बताते हुए कहा हैं कि देश-विदेश के बड़े निवेशक राज्य के इन सभी क्षेत्रों में निवेश कर रहे हैं लेकिन प्रवासी राजस्थानियों का अपनी मातृभूमि में निवेश कर विकसित राजस्थान की यात्रा में सहभागी बनना एक सुखद अहसास है।

श्री शर्मा मंगलवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में देश-विदेश के आठ प्रवासी राजस्थानी चैप्टर्स के साथ संवाद कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हम निवेशकों की आकांक्षाओं को पूरा करते हुए उन्हें हरसंभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इस दौरान उन्होंने प्रवासी राजस्थानियों को राजस्थान में सामाजिक व आर्थिक विकास से संबंधित गतिविधियों में भाग लेने और निवेश के लिए प्रोत्साहित करने के लिए चैप्टर्स के प्रतिनिधियों की सराहना की।

श्री शर्मा ने कहा कि बुधवार को जेईसीसी, सीतापुरा में आयोजित होने वाले प्रवासी राजस्थानी दिवस के लिए चैप्टर्स की सक्रियता प्रशंसनीय है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने देश और विदेश में अपनी मेहनत और लगन से राजस्थान का नाम रौशन किया है। उन्होंने अपनी मिट्टी से जुड़ाव रखकर प्रदेश में भी सामाजिक सरोकारों में बढ़-चढ़कर भागीदारी की है। उन्होंने कहा कि एनआरआर की भागीदारी को और अधिक बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने एक डैशबोर्ड का निर्माण किया है। इसमें प्रदेश के सभी जिलों में गैप-एरियाज को चिह्नित किया गया है, ताकि प्रवासी राजस्थानी अपने गांव, शहर, जिले में भामाशाहों के सहयोग से होने वाले कार्यों में सुगमता से योगदान देकर अपनी मातृभूमि के विकास में भागीदार बन सकें।

श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने 'राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय प्रवासी राजस्थानी मामले विभाग' का गठन किया है। यह विभाग प्रवासी राजस्थानियों और राज्य सरकार के बीच संवाद और सहयोग के लिए एक सशक्त मंच उपलब्ध करायेगा, जिससे प्रवासियों का अपनी मातृभूमि से जुड़ाव और मजबूत होगा।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की नॉन-रेजिडेंट राजस्थानी पॉलिसी ऑफ राजस्थान-2025 निवेश, व्यापार, ज्ञान के आदान-प्रदान, शोध आदि में एनआरआर के योगदान को बढ़ावा देने के लिए अनुकूल माहौल तैयार करेगी। यह नीति प्रवासी राजस्थानियों के निवेश को गति देने के लिए राज्य में एक बेहतर इकोसिस्टम का निर्माण करेगी।

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