दंतेवाड़ा , मार्च 14 -- छत्तीसगढ़ के जनपद पंचायत दंतेवाड़ा में जिला स्तरीय संवेदनशीलता एवं जागरूकता कार्यक्रम के तहत एक दिवसीय प्रशिक्षण एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जिले की महिलाओं और युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के प्रति प्रोत्साहित करना तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान करना रहा।

जिला पीआरओ से आज मिली जानकारी के अनुसार,कार्यक्रम में उपस्थित विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को छोटे स्तर से व्यवसाय प्रारंभ कर आर्थिक आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के गुर सिखाए। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र में उपलब्ध संभावनाओं एवं सरकारी सहायता योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया गया। विशेष रूप से खाद्य प्रसंस्करण, बेकरी, मसाला निर्माण, अचार-पापड़ तथा मिलेट आधारित उत्पादों जैसे क्षेत्रों में छोटे उद्योग स्थापित करने के अवसरों पर चर्चा की गई।

अधिकारियों ने प्रतिभागियों को प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) की जानकारी दी। इन योजनाओं के अंतर्गत सरकार द्वारा प्रशिक्षण, तकनीकी मार्गदर्शन और वित्तीय सहयोग उपलब्ध कराया जाता है। बताया गया कि छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम (सीएसआईडीसी) इस पहल की नोडल एजेंसी है, जबकि चॉइस कंसल्टेंसी सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड द्वारा दंतेवाड़ा जिले में कार्यक्रम का क्रियान्वयन किया जा रहा है।

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