नयी दिल्ली , मार्च 28 -- प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मध्य प्रदेश सरकार के पूर्व स्वास्थ्य सेवा निदेशक डॉ. अमरनाथ मित्तल और अन्य के खिलाफ घन शोधन रोकथाम अधिनियम के प्रावधानों के तहत भोपाल की विशेष अदालत (पीएमएलए) में शिकायत दर्ज की है।

ईडी के सूत्रों ने बताया कि लोकायुक्त भोपाल द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (संशोधित) की धारा 13(1)(ई) और 13(2) के तहत दर्ज प्राथमिकी के आधार पर अपनी जांच शुरू की थी। यह प्राथमिकी उन आरोपों से संबंधित है जिसमें डॉ. अमरनाथ मित्तल ने लोक सेवक के रूप में काम करते हुए अपनी आय के ज्ञात स्रोतों से कहीं अधिक संपत्ति अर्जित की, जिसकी कीमत लगभग 2.38 करोड़ रूपये थी।

पीएमएलए जांच के दौरान पता चला कि आरोपी ने कथित तौर पर भ्रष्टाचार के तरीकों से हासिल अपराध की कमाई को भोपाल और रायसेन जिलों में स्थित चल और अचल संपत्तियों में निवेश करके धन शोधन किया था।

इस मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।

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