अमृतसर , नवम्बर 09 -- पंजाब प्रदेश भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रवक्ता प्रो. सरचंद सिंह ख्याला ने रविवार को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव को पत्र लिखकर मध्य प्रदेश राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष पद पर सिख समुदाय से किसी योग्य, शिक्षित और सामाजिक रूप से सक्रिय व्यक्ति की नियुक्ति की माँग की है।
प्रो. ख्याला ने पत्र में उल्लेख किया कि आयोग का यह पद लंबे समय से रिक्त है, जिससे अल्पसंख्यक समुदायों से संबंधित शिकायतों और कल्याण योजनाओं के समाधान में विलंब हो रहा है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश राज्य अल्पसंख्यक आयोग अधिनियम, 1996 के तहत गठित यह आयोग मुस्लिम, सिख, बौद्ध, जैन, ईसाई और पारसी समुदायों के अधिकारों की रक्षा और कल्याण के लिए कार्य करता है। उन्होंने यह भी कहा कि अब तक आयोग के अधिकांश अध्यक्ष मुस्लिम समुदाय से रहे हैं, जिसके कारण अन्य अल्पसंख्यक समुदायों की समस्याओं को अपेक्षित प्राथमिकता नहीं मिल पाई। अतः अब समय आ गया है कि आयोग में संतुलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जाए ताकि सभी अल्पसंख्यक समुदायों के हित समान रूप से सुरक्षित रहें।
सिख समुदाय के योगदान का उल्लेख करते हुए प्रो. ख्याला ने कहा कि सिखों ने मध्य प्रदेश के गठन से लेकर अब तक राष्ट्रीय एकता, धार्मिक सौहार्द और विकास में उल्लेखनीय भूमिका निभाई है। राज्य के भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, सागर, उज्जैन, रतलाम, बैतूल और होशंगाबाद जैसे जिलों में सिख समुदाय व्यापार, उद्योग, शिक्षा और सेवा क्षेत्रों में अपने परिश्रम और ईमानदारी के लिए जाना जाता है। उन्होंने कहा कि "सरबत दा भला" (सभी का कल्याण) का सिद्धांत सिख जीवन दर्शन का मूल है और यह भावना समाज के हर वर्ग के हित में काम करती है।
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