नयी दिल्ली/हैदराबाद , जनवरी 21 -- तेलंगाना के मुख्य निर्वाचन अधिकारी सी. सुदर्शन रेड्डी ने बुधवार को मतदाता रजिस्टर तक आसान लेकिन सुरक्षित पहुंच की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि यह चुनावी पारदर्शिता और जनता के विश्वास को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण है।
श्री रेड्डी ने नयी दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित लोकतंत्र और चुनाव प्रबंधन पर तीन दिवसीय भारत अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन (आईआईसीडीईएम-2026) में कहा कि मतदाता, राजनीतिक दल और नागरिक समाज संगठन व्यक्तिगत विवरणों को सत्यापित करने, चुनावी गतिविधियों की योजना बनाने और चुनाव की अखंडता की निगरानी करने के लिए सटीक और समय पर मतदाता सूचना पर निर्भर करते हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने 'मतदाता रजिस्टर तक पहुंच की सुगमता' पर अपनी प्रस्तुति में चुनाव अधिकारियों द्वारा अपनाए गए तंत्रों पर प्रकाश डाला। इस तंत्र में 'ऑनलाइन वोटर-लुकअप' सेवाएं, नियंत्रित-पहुंच वाले कियोस्क और सीमित-विवरण वाली मतदाता सूचियां शामिल हैं, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि जानकारी सुरक्षित और उपयोगकर्ता के अनुकूल प्रारूप में उपलब्ध हो।
श्री रेड्डी ने कहा कि प्रौद्योगिकी से लैश मतदाता सेवाओं ने शिकायतों को कम करने, मतदाता सूची की सटीकता में सुधार करने और चुनावी प्रक्रिया में नागरिकों के विश्वास को बढ़ाने में मदद की है। उन्होंने कहा कि अच्छी तरह से तैयार किये गय पहुंच तंत्र लोकतांत्रिक मानकों के अनुरूप व्यक्तिगत डेटा की सुरक्षा करते हुए सार्थक भागीदारी और सार्वजनिक निरीक्षण को बढ़ावा देते हैं।
इस सत्र में सूरीनाम और मैक्सिको के चुनाव अधिकारियों और विशेषज्ञों, हैदराबाद के शिक्षाविदों और निर्वाचन आयोग के प्रतिनिधियों ने भी अपनी प्रस्तुतियां दीं। चर्चा मतदाता-रजिस्टर पहुंच के लिए अंतरराष्ट्रीय प्रथाओं और नीतिगत दृष्टिकोणों पर केंद्रित रही।
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