श्रीनगर , दिसंबर 06 -- कश्मीर क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा ने मटन और चावल से जुड़े एक 'निर्यात व्यवसाय घोटाले' के तहत एक शख्स के साथ 34 लाख की ठगी करने के आरोप में लोगों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया है।
इस ठगी के आरोपियों में एक आदतन अपराधी ज़ाहिद बशीर सोफ़ी उर्फ़ शगू शामिल है, जो कश्मीर के बडगाम जिले के नारबाल शहर की अंद्राबी कॉलोनी का रहने वाला है। आरोपियों पर रणबीर दंड संहिता की धारा 420 और 120-बी के तहत मामला दर्ज है। पुलिस ने कहा कि चूंकि दोनों आरोपी अभी भी फरार हैं, इसलिए आरोप पत्र सीआरपीसी की धारा 512 के तहत उनकी गैरमौजूदगी में पेश किया गया।
ज़ाहिद और उसकी पत्नी शगुफ्ता पहले भी कई ठगी के मामलों में शामिल पाये गये हैं। ये मामले गैस एजेंसी दिलाने के बहाने धोखे से पैसे निकालने से जुड़े हैं।
इन मामलों में भी उनके गिरफ्तारी से बचने के बाद अदालतों में धारा 512 सीआरपीसी के तहत उनकी गैरमौजूदगी में आरोप पत्र दायर किये गये हैं।
हाल ही में जिस मामले में चार्जशीट दायर की गयी, वह एक लिखित शिकायत से शुरू हुआ था। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि ज़ाहिद ने धोखे से शिकायतकर्ता को मटन, चावल और दुबई भेजे जाने वाले दूसरे सामान के निर्यात से जुड़े व्यवसाय में निवेश करने के लिये उकसाया।
इसके बाद ज़ाहिद ने सह-आरोपी जावेद अहमद शाह के साथ मिलकर एक सोची-समझी साज़िश को अंजाम दिया। दोनों ने शिकायतकर्ता को पंजाब ले जाकर महाबीर राइस मिल, महाबीर सॉल्वेंट, राइस मार्केट जीटी रोड करनाल के साथ एक जाली समझौते पर हस्ताक्षर करवाया। उसके बाद उन्होंने शिकायतकर्ता को दुबई ले जाकर कथित व्यवसाय के बारे में विश्वास दिलाया।
आर्थिक अपराध विभाग ने कहा कि ज़ाहिद का ठगी के बड़े मामलों में बार-बार शामिल होना कथित आपराधिक व्यवहार के एक पैटर्न को दिखाता है। इससे पीड़ितों को काफी आर्थिक नुकसान हुआ है। उसका बार-बार कानून से बच जाना गंभीर चिंता का विषय है।
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