मंदसौर, 23 जनवरी (वार्ता) मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा है कि मंदसौर के हर परिवार को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।

श्री देवड़ा ने गुरुवार को यहां रामघाट में अमृत 2.0 योजना के तहत 11 करोड़ 11 लाख रुपये की लागत से निर्मित होने वाले नवीन फिल्टर प्लांट, वॉटर टैंक एवं डिस्ट्रीब्यूशन पाइप लाइन के भूमि-पूजन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि नगर की बढ़ती आबादी को ध्यान में रखते हुए नए और आधुनिक फिल्टर प्लांट का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। यह परियोजना मंदसौर की पेयजल व्यवस्था को दीर्घकालिक रूप से सुदृढ़ बनाएगी। उन्होंने बताया कि शहरी क्षेत्रों में अमृत 2.0 योजना तथा ग्रामीण क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के माध्यम से सरकार द्वारा पीने के पानी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि देश के हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचे और वर्ष 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाया जाए।

उन्होंने कहा कि बिजली, स्वच्छता और जल जैसी मूलभूत सुविधाएं बनाए रखना केवल सरकार की ही नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। सभी नागरिकों को अपने शहर, गांव और घर को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाए रखने में सक्रिय सहभागिता करनी चाहिए। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ने फिल्टर प्लांट परिसर का अवलोकन भी किया। श्री देवड़ा ने कार्यक्रम के बाद विमुक्त, घुमंतू एवं अर्ध-घुमंतू समुदायों के परिवारों के शैक्षणिक, सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान के लिए संचालित जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस मौके पर राज्यसभा सांसद बंशीलाल गुर्जर ने कहा कि 16 एमएलडी क्षमता के नवीन फिल्टर प्लांट के साथ तीन जल टंकियों का निर्माण एवं तेलिया तालाब का सौंदर्यीकरण एक साथ किया जाएगा। इससे मंदसौर शहर की जलापूर्ति व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी। उन्होंने बताया कि वर्तमान में चंबल नदी से लगभग 60 प्रतिशत जलापूर्ति की जा रही है। इसके साथ ही लगभग 3300 करोड़ रुपये की लागत से मंदसौर बैराज परियोजना का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जिससे भविष्य में शहर को और अधिक जल उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने यह भी बताया कि सिवरेज परियोजना का कार्य प्रारंभ हो चुका है, जिससे शहर की स्वच्छता व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार आएगा।

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