भोपाल , मार्च 23 -- मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में नगर निगम का वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट 3938 करोड़ 45 लाख रुपए का पेश किया गया, जिसमें शहर के विकास कार्यों पर विशेष जोर दिया गया है। बजट में इस बार किसी भी प्रकार का नया टैक्स नहीं बढ़ाया गया है, हालांकि कुछ शुल्कों में बदलाव की तैयारी की गई है।

नगर निगम द्वारा प्रस्तुत बजट में सड़कों, जलप्रदाय, स्वच्छता, आवास, पार्क, स्ट्रीट लाइट और अधोसंरचना विकास से जुड़े विभिन्न कार्यों के लिए प्रावधान किया गया है। अमृत-2 योजना के तहत जल व्यवस्था सुधार, विभिन्न तालाबों के सौंदर्यीकरण तथा शहर के विस्तार को ध्यान में रखते हुए पाइपलाइन और टंकियों के निर्माण का प्रस्ताव रखा गया है।

बजट में प्रत्येक वार्ड को विकास कार्यों के लिए 50 लाख रुपए देने का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा सड़कों के निर्माण, पार्कों के विकास, स्ट्रीट लाइट व्यवस्था, विश्राम घाट, कब्रिस्तान और सामुदायिक भवनों के निर्माण एवं मरम्मत के लिए भी राशि निर्धारित की गई है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत भी महत्वपूर्ण बजट प्रावधान किया गया है।

नगर निगम ने इस बार जनप्रतिनिधियों जैसे महापौर, अध्यक्ष और एमआईसी सदस्यों के लिए अलग से निधि का प्रावधान नहीं किया है, जो पिछले बजट की तुलना में बड़ा बदलाव माना जा रहा है। वहीं शहर में थोक बाजार, ट्रांसपोर्ट नगर के सुव्यवस्थापन और सांस्कृतिक आयोजनों को बढ़ावा देने की योजनाएं भी बजट में शामिल हैं।

सदन की बैठक के दौरान विभिन्न मुद्दों को लेकर पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली। गोमांस, सफाई व्यवस्था, आवारा पशु, सड़कों की हालत और कर्मचारियों की कमी जैसे विषयों पर पार्षदों ने अपनी-अपनी बात रखी।

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