भिण्ड , जनवरी 4 -- मध्यप्रदेश के भिण्ड नगर पालिका में नौकरी दिलाने के नाम पर एक करोड़ रुपए से अधिक की ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। नगर पालिका के बर्खास्त दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी अतुल श्रीवास्तव पर आरोप है कि उसने मुख्य नगरपालिका अधिकारी (सीएमओ) के फर्जी हस्ताक्षर कर 99 युवाओं को फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिए। मामले के सामने आने के बाद सीएमओ यशवंत वर्मा की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, ठगी की भनक लगने पर भिण्ड नगरपालिका के सीएमओ द्वारा 9 दिसंबर 2025 को एक सार्वजनिक सूचना जारी की गई थी। इसमें अपील की गई थी कि यदि किसी व्यक्ति को आरोपी द्वारा नियुक्ति पत्र दिया गया है, तो वह सात दिन के भीतर नगर पालिका कार्यालय में जानकारी दे। इसके बाद सामने आया कि करीब 99 लोग इस ठगी का शिकार हुए हैं। इनमें से 49 लोगों ने विवेक नामक व्यक्ति के माध्यम से संयुक्त आवेदन दिया, जबकि अन्य पीड़ितों ने अलग-अलग और संयुक्त रूप से शिकायतें दर्ज कराईं।
शिकायत के मुताबिक, आरोपी अतुल श्रीवास्तव ने सीएमओ के फर्जी हस्ताक्षर कर कूटरचित दस्तावेज तैयार किए और नगर पालिका के विभिन्न पदों पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोगों से मोटी रकम वसूली। प्रारंभिक जांच में ठगी की राशि एक करोड़ रुपए से अधिक आंकी गई है।
भिण्ड शहर कोतवाली थाना प्रभारी बृजेंद्र सिंह सेंगर ने बताया कि नगर पालिका सीएमओ यशवंत वर्मा की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ देर शाम एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपी पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 338, 336(3) और 340(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और ठगी से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
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